रीवा (हैडलाइन ब्यूरो) मध्य प्रदेश के रीवा जिले के नेशनल हॉस्पिटल में लिफ्ट हादसे में एक मरीज की दर्दनाक मौत ने पूरे प्रबंधन की पोल खोल दी है। मृतक की पहचान अमरपाटन के लालपुर निवासी सुरेश सेन के रूप में हुई है।बेहतर इलाज की उम्मीद में परिजन जिसे जिंदा बचाने के लिए अस्पताल लाए थे, उसी अस्पताल की लापरवाही ने उसकी जान ले ली। रीवा के नेशनल हॉस्पिटल में लिफ्ट हादसे में एक मरीज की दर्दनाक मौत ने पूरे प्रबंधन की पोल खोल दी है। मृतक की पहचान अमरपाटन के लालपुर निवासी सुरेश सेन के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार सुरेश पेड़ से गिरने से घायल हो गया था, जिसे पहले अमरपाटन हॉस्पिटल ले जाया गया, वहां से बेहतर इलाज के लिए रीवा के नेशनल हॉस्पिटल रेफर किया गया था।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक मरीज को स्ट्रेचर पर लिफ्ट के जरिए सेकंड फ्लोर पर ले जाया जा रहा था। गार्ड ने परिजनों को सीढ़ियों से आने को कहा। सेकंड फ्लोर पर पहुंचते ही गार्ड लिफ्ट से बाहर निकला और स्ट्रेचर को बाहर खींचने लगा। इसी दौरान मरीज का आधा शरीर ही बाहर निकल पाया था कि अचानक लिफ्ट फेल होकर नीचे सरक गई। मरीज का गला लिफ्ट में फंस गया और भारी लिफ्ट का पूरा दबाव उसकी गर्दन पर आ गया।

दो घंटे तक बॉडी लिफ्ट में ही फंसी रही
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मरीज करीब 2 घंटे तक लिफ्ट में गले के ऊपर से फंसा तड़पता रहा और परिजनों के सामने ही उसने दम तोड़ दिया। दो घंटे तक बॉडी लिफ्ट में ही फंसी रही। घटना के बाद अस्पताल में हंगामा मच गया। परिजनों ने प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए FIR की मांग की है। सवाल उठ रहा है कि बिना सुरक्षा जांच और मेंटेनेंस के ऐसी जर्जर लिफ्ट से मरीजों को कैसे ले जाया जा रहा था।
