त्यौहार के सीजन में टीम गई मावा, घी, दूध एवं पनीर की सैंपलिंग करने पर मौके पर जो हुआ उसने कर दिया सबको हैरान

ग्वालियर। दीपावली पर नकली मावा, घी, दूध, पनीर की सैंपलिंग के लिए निकली खाद्य औषधि प्रशासन विभाग की टीम के उस समय हाथ-पांव फूल गए, जब बिना लायसेंस 200 किलो पनीर तैयार करे बैठे एक व्यक्ति ने उन्हें सैंपल लेने पर खुद को खत्म करने की चेतावनी दे डाली।
घबराई टीम के सदस्यों ने आनन-फानन में एडीएम शिवराज वर्मा को सूचना देकर मदद के लिए पुलिस पहुंचाने का आग्रह किया। आनन-फानन में बहोड़ापुर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर वीडियो रिकार्डिंग करते हुए सैंपलिंग की कार्रवाई पूरी कराई।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग को सूचना मिली थी कि मुरैना से बड़ी मात्रा में बहोड़ापुर के रास्ते मावा आ रहा है। इसी सूचना के आधार पर टीम के सदस्य खाद्य निरीक्षक लखनलाल कोरी, रवि शिवहरे व निरुपमा शर्मा बहोड़ापुर थाने पर पहुंच गए। एक घंटे तक यहां से ऐसा कोई वाहन नहीं निकला, जिसमें मावा भरा हो। इसी दौरान किसी ने सूचना दी कि कैलाश नगर बहोड़ापुर में पीएनबी के सामने राजकुमार गोयल घर में पनीर तैयार करता है।
बिना लायसेंस कारोबार
टीम जब राजकुमार के घर पहुंची तो पाया कि राजकुमार गोयल घर से पनीर तैयार कर बेचने का काम करता है। इस काम के लिए उसके पास कोई लायसेंस भी नहीं था। मौके पर टीम को लगभग 200 किलो पनीर मिला। पूछने पर राजकुमार का कहना था कि उसने अभी हाल ही में यह काम शुरू किया है।
कार्रवाई शुरू होते ही दी आत्महत्या की धमकी
टीम ने जैसे ही सैंपलिंग की कार्रवाई शुरू की राजकुमार गोयल ने पनीर काटने का चाकू हाथ में लेकर अपने आप को खत्म करने की चेतावनी दे डाली। यह सब देख टीम के हाथ-पांव फूल गए। टीम ने तुरंत एडीएम शिवराज वर्मा को यह जानकारी दी। उधर एडीएम के निर्देश पर जब तक बहोड़ापुर थाने से पुलिस बल पहुंचता, राजकुमार ने चाकू छोड़ मिट्टी के तेल की कट्टी उठा ली। टीम सदस्यों के अनुसार राजकुमार की पत्नी ने भी टीम को चेताया कि इन्हें बीपी, हार्ट की समस्या है। आपने सैंपलिंग की कार्रवाई की तो इन्हें कुछ भी हो सकता है।
पुलिस ने की रिकार्डिंग, टीम ने लिए सैंपल
एडीएम के निर्देश पर आनन-फानन में पहुंची पुलिस टीम ने रिकार्डिंग शुरू करते हुए टीम से सैंपलिंग की कार्रवाई करने को कहा। टीम ने पनीर के सैंपल लिए और पनीर को सील करते हुए प्रावधानों के अनुसार राजकुमार गोयल को सुपुर्दगी में दे दिया।
गड़बड़ी की आशंका
टीम से जुड़े जानकारों के अनुसार पनीर की शुद्धता की रिपोर्ट तो भोपाल से आने में लगभग 1 माह का समय लग जाएगा, लेकिन प्राथमिक परीक्षण में स्थिति संदेहास्पद मिली है। खाद्य विभाग की टीम विक्रेता के खिलाफ बिना लायसेंस कारोबार करने का मामला अलग से दर्ज करेगी।





