*👉🏻 सरकारी स्कूल के शिक्षकों को छुट्टियों में भी स्कूल आने के लिए जारी हुए लेटर की कॉपी हो रही वायरल* *👉🏻 कांग्रेस के बाद आम आदमी पार्टी की सरकार भी शिक्षकों पर डाल रही बोझ, पंजाब सरकार के इस फैसले से शिक्षकों में रोष, पढ़े पूरी खबर सिर्फ हैडलाइन एक्सप्रेस पर 👇🏻*
जालंधर, 06 मई 2022-(एच.ई)- पंजाब में चाहे किसी भी पार्टी की सरकार आए वो सरकारी स्कूल के शिक्षकों पर हमेशा बोझ डाले रखती है। पंजाब में जैसे ही आम आदमी पार्टी की सरकार आई तो शिक्षकों ने सोचा कि अब उन्हें तय समय के अनुसार ही सिर्फ बच्चों को पढ़ाने का कार्य ही करना होगा। पिछली सरकारों की तरह रेलवे स्टेशन, शराब के ठेकों या सड़कों पर उन्हें ड्यूटी नहीं देनी होगी।
मगर आम आदमी पार्टी की सरकार ने भी शिक्षकों पर बोझ डालने वाला कार्य ही किया है। पंजाब में भीषण गर्मी के चलते पंजाब सरकार ने सरकारी स्कूलों के समय में तब्दीली तो कर दी (सुबह 07:00 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक) लेकिन यह नहीं सोचा कि जो शिक्षक अपने घर से 30-40 किलोमीटर दूर स्कूल में पढ़ाने के लिए जाता है वह किस समय घर से निकलेगा ताकि समय पर स्कूल में पहुंच सके। इसके इलावा शिक्षा विभाग द्वारा एक लेटर जारी कर गर्मियों की छुट्टियों के बारे में भी निर्देश दिए हैं। जिसमें यह लिखा है कि 15 मई से स्कूलों में छुट्टियां होंगी लेकिन उसके नीचे यह भी लिखा है कि यह छुट्टियों सिर्फ बच्चों को ही होगी शिक्षकों को स्कूलों में आकर बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाना होगा। अब सोचने वाली बात यह है कि क्या शिक्षक इंसान नहीं है। क्या भीषण गर्मी का प्रकोप उन्हें नहीं झेलना पड़ता। अगर बच्चों को गर्मियों की छुट्टियों का फायदा मिलेगा तो शिक्षकों को भी हक है कि वह गर्मियों की छुट्टियां लेकर अपने दिमाग को फ्रेश रख सके या अपने परिवार के साथ कुछ समय बिता सकें। लेकिन सरकार के इन आदेशों के कारण सरकारी स्कूलों के शिक्षकों में रोष पैदा हो गया है और वह कहने लग पड़े हैं कि आम आदमी पार्टी की सरकार भी दूसरी पार्टियों की सरकारों की तरफ ही व्यवहार कर रही है। वह शिक्षकों को इंसान ना समझ कर मशीन समझ रहे हैं। अब देखना यह है कि पंजाब सरकार शिक्षकों को गर्मियों की छुट्टियां करती है या उन्हें रोबोट समझकर स्कूलों में आने के निर्देश देती है।

