अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस : योग करने से इन बीमारियों से मिलता है छुटकारा !

21 जून को पूरी दुनिया में योग दिवस मनाया गया. योग दिवस मनाने के पीछे खास उद्देश्य यह है कि खराब लाइफस्टाइल और खानपान के बीच लोगों को योग के लिए जागरूक करना. कहते हैं योग मिटाए रोग लेकिन कैसे? अगर आप रोजाना योग करेंगो तो आपके शरीर में एनर्जी आएगी.
आपकी इम्युनिटी मजबूत होगी. आंखों की रोशनी तेज होगी. सिर्फ इतना ही नहीं व्यक्ति अपने उम्र से छोटा दिखाई देने लगता है. खूबसूरती बढ़ने लगती है. इन सब के अलावा योग करने से ब्लड सर्कुलेशन के साथ-साथ मेटाबॉलिज्म भी बेहतर होता है. गैस और एसिडिटी की समस्या से भी छुटकारा मिल जाता है. दिमाग और याददाश्त भी तेज होता है.
कपालभाती करने का यह सही तरीका
अगर आप रोजाना कपालभाती करते हैं तो आपको किडनी से जुड़ी बीमारियों से हमेशा के लिए छुटकारा मिल जाएगा. शरीर में एनर्जी बढ़ती है. इसे रोजाना करने से आंखों के नीचे का काला घेरा भी कम होता है.
कपालभाती करते समय सांस लेने के तरीका का खास ध्यान रखें. सांस लेने की स्पीड को बढ़ाए और घटाए. सांस लेते वक्त पेट बाहर की तरफ और छोड़ते वक्त पेट अंदर की तरफ होने चाहिए. अगर आपको हर्निया, अल्सर, सांस की बीमारी या हाइपरटेंशन है तो डॉक्टर की सलाह लेने के बाद ही कपालभाती करना चाहिए.
मोटापा
मोटापा कई बीमारियों का कारण होता है. अगर आप अपना वजन कंट्रोल कर लेते हैं तो कई सारी बीमारियां आपको छू तक नहीं पाएगी. मोटापा दूर करने के लिए आपको ताड़ासन, त्रिकोणासन, पादहस्तासन और पार्श्वकोणासन योगासन करने चाहिए.
डायबिटीज
डायबिटीज का कोई इलाज नहीं इसे दवा से ही कंट्रोल में किया जा सतता है. अगर आप इस बीमारी को कंट्रोल में करना चाहते हैं तो आपको अपनी डाइट के साथ योग जरूर करना चाहिए. इसे कंट्रोल करने के लिए कपालभाति प्राणायाम, धनुरासन और चक्रासन है, जो डायबिटीज की समस्या को कम कर सकते हैं.
हाइपरटेंशन
हाई ब्लड प्रेशर कई बीमारियों को का दरवाजा होता है. अगर किसी को एक बार हाई बीपी की समस्या हो गई तो उसे दिल की बीमारी भी हो सकती है. अगर इसे कंट्रोल में रखना है तो पश्चिमोत्ताशन, शवासन, प्राणायाम और अधो-मुखश्वनासन कर सकते हैं.
माइग्रेन
दिमाग में ब्लड सर्कुलेशन खराब होने पर माइग्रेन की दिक्कत होती है. इसके कारण सिर में खतरनाक दर्द होता है. माइग्रेन की बीमारी में शीर्षासन या हेडस्टैंड से काफी लाभ मिल सकता है. इसके अलावा उष्ट्रासन, बालासन और शवासन से भी फायदा मिल सकता है.
अस्थमा
अस्थमा के मरीज को योग तो जरूर करना चाबिए इसकी वजह से फेफड़ों तक हवा पहुंचता है. जिससे सांस लेने की तकलीफ दूर होती है. अस्थमा या सांस की समस्या से बचने के लिए प्राणायाम और धनुरासन फायदेमंद हो सकता है.






