*👉🏻 शिवसेना समाजवादी नेत्री अर्चना जैन और उसके पति पर लगे विदेश भेजने के नाम पर साढे तीन लाख रुपये की ठगी के आरोप* *👉🏻 पढ़ें पूरी खबर सिर्फ हैडलाइन एक्सप्रेस पर 👇🏻*



जालंधर, 02 दिसंबर 2020-(एच.ई)- शिवसेना नेत्री अर्चना जैन और उसके पति विक्रमजीत पर विदेश भेजने के नाम पर साढ़े तीन लाख रूपए की ठगी मारने के आरोप लगे हैं। पंजाब प्रेस क्लब में पत्रकार वार्ता करते हुए पूनम सहगल पत्नी लेट प्रदीप कुमार निवासी कृष्णा नगर जालंधर हाल निवासी ग्रीन एवेन्यू नजदीक राजा गार्डन बस्ती बावा खेल ने बताया कि उन्होंने अपने बेटे चैतन्य को कैनेडा भेजने के लिए अर्चना जैन से बात की थी, क्योंकि पूनम सहगल पहले से ही अर्चना जैन को जानती थी।
जिसके बाद अर्चना जैन ने पूनम सहगल को कहा कि उसके पति विक्रमजीत चैतन्य को विदेश भेज देंगे क्योंकि उनकी एंबेसी में अच्छी पहुंच है और पहले भी वह कई लोगों को विदेश भेज चुके हैं। अर्चना जैन और उसके पति विक्रमजीत ने पूनम सहगल और उसके परिवार को सब्जबाग दिखाकर झांसे में ले लिया। जिसके बाद आरोपियों ने पूनम सहगल के स्कूल किड्स स्माइल प्ले-वे राजनगर में जाकर साढ़े तीन लाख रुपये नकद, पासपोर्ट, ओरिजिनल आधार कार्ड, ओरिजिनल पैन कार्ड और ओरिजिनल इनकम टैक्स रिटर्न ले ली। यह सॉरी प्रक्रिया मिट्ठू बस्ती की रहने वाली रमा पत्नी सन्नी के सामने हुई थी।
काफी समय बीत जाने पर भी जब कार्रवाई आगे नहीं बढ़ी तो पूनम सहगल ने अर्चना जैन से अपने बेटे के दस्तावेज और साढ़े तीन लाख रुपये वापिस मांगे। आरोपियों ने दस्तावेज तो वापिस कर दिए, लेकिन साढ़े तीन लाख की नकदी आज तक वापिस नहीं की। उल्टा आरोपियों ने पूनम सहगल का आधार कार्ड इस्तेमाल कर किसी व्यक्ति को फोन दिलवा दिया। जिसकी शिकायत भी पूनम सहगल ने पुलिस थाने में दी हुई है। पूनम सहगल ने बताया कि अर्चना जैन और उसका पति विक्रमजीत अब उसे धमकियां देने लग पड़े हैं। वह कहते हैं अगर उसने रुपए मांगे तो इसका अंजाम भुगतना पड़ेगा,क्योंकि उनकी पहुंच बहुत ऊपर तक है। पूनम सहगल ने पुलिस कमिश्नर से मांग की है कि आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके रुपए वापिस दिलवाए जाए और उनकी जीवन माल की रक्षा की जाए।
जब इस बारे में अर्चना जैन से बात की गई तो उन्होंने कहा कि पूनम सहगल झूठ बोल रही है। उनका पूनम सहगल के साथ कोई लेन-देन नहीं है। उल्टा अर्चना जैन ने पूनम सहगल के खिलाफ पुलिस में शिकायत भी दी हुई है जिसकी जांच एसीपी सतिंदर चड्डा द्वारा की गई थी।
